शहद, मेकअप, हॉकी स्टिक: 500 से अधिक कनाडाई उत्पादों पर 50% अमेरिकी शुल्क
अमेरिकी राष्ट्रपति ने पिछले महीने 50% शुल्क लगाने की योजना का सार्वजनिक किया, जिसमें शहद, मेकअप, हॉकी स्टिक आदि 500 से अधिक कनाडाई वस्तुएँ शामिल हैं। यह शुल्क अमेरिकी बाजार में इन उत्पादों की कीमतें दोगुनी कर देगा, जिससे दोनों देशों के व्यापारिक संबंधों में तनाव बढ़ेगा। कनाडा के निर्यातकों को अब अपने उत्पादों को पुनः मूल्य निर्धारण करना पड़ेगा या वैकल्पिक बाजार खोजने होंगे।
हॉकी के क्षेत्र में इस निर्णय का अप्रत्यक्ष प्रभाव भी देखा जा सकता है। जम्मू और कश्मीर ने हाल ही में जूनियर पुरुष राष्ट्रीय चैम्पियनशिप के चयन परीक्षण की घोषणा की, जबकि भारत ने इंग्लैंड के खिलाफ फाइनल में पेनल्टी शूट‑आउट जीतकर अपनी ताकत दिखायी। इन घटनाओं से स्पष्ट है कि खेल सामग्री की कीमतों में वृद्धि से खिलाड़ियों और संगठनों पर आर्थिक बोझ बढ़ सकता है, विशेषकर उन देशों में जहाँ खेल विकास अभी प्रारम्भिक चरण में है।
कनाडा के निर्यातकों को अब नई रणनीति बनानी होगी, जैसे कि उत्पादन लागत कम करना या अमेरिकी बाजार के बाहर वैकल्पिक निर्यात मार्ग तलाशना। साथ ही, इस शुल्क के कारण उपभोक्ताओं को भी उच्च कीमतों का सामना करना पड़ेगा, जिससे मांग में गिरावट आ सकती है। अंतरराष्ट्रीय व्यापार विशेषज्ञों का मानना है कि यदि यह नीति जारी रहती है तो दो देशों के बीच आर्थिक सहयोग में दीर्घकालिक क्षति हो सकती है, और यह अन्य देशों के व्यापार नीतियों को भी प्रभावित कर सकती है।