ट्रम्प बजट कटौती के बाद नासा का रोमन अंतरिक्ष दूरबीन लॉन्च
नासा की रोमन अंतरिक्ष दूरबीन, जिसे दो बार राष्ट्रपति ट्रम्प द्वारा बजट में कटौती की सिफ़ारिशों का सामना करना पड़ा, अब फ़्लोरिडा के केनडी अंतरिक्ष केंद्र से सुबह सात बजकर छब्बीस मिनट (पूर्वी समय) पर प्रस्थान करने को तैयार है। इस दूरबीन का कुल खर्च चार अरब तीन सौ करोड़ डॉलर बताया गया है और यह बाह्यग्रहों की खोज तथा ग्रह निर्माण की प्रक्रियाओं को समझने के लिए विशेष रूप से डिजाइन की गई है। तकनीकी तैयारियों में कोई बड़ी बाधा न होने पर यह मिशन विश्व भर के वैज्ञानिकों के लिए नई आशाएँ लेकर आएगा।
पिछले दिनों में नासा ने भारतीय मूल के अंतरिक्ष यात्री अनिल मेनन के अंतर्राष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन के लिए लॉन्च को सफलतापूर्वक सुनिश्चित किया, जिससे इस अंतरिक्ष कार्यक्रम की विश्वसनीयता में इज़ाफ़ा हुआ। उसी समय, ओडिशा के पारादिप बंदरगाह में एक तेल टैंकर ने होर्मुज़ जलडमरूमध्य में गोलीबारी का सामना किया और फिर भी सुरक्षित रूप से २ मिलियन बैरल कच्चे तेल को पहुंचा पाया, जो अंतरराष्ट्रीय सहयोग की महत्ता को दर्शाता है। इन घटनाओं ने नासा के मिशन को एक व्यापक वैश्विक संदर्भ में स्थापित किया है।
रोमन दूरबीन का लक्ष्य ब्रह्माण्ड के गहरे रहस्यों को उजागर करना है, विशेषकर उन ग्रहों की खोज करना जो जीवन के अनुकूल हो सकते हैं। वैज्ञानिक आशा करते हैं कि इस मिशन से प्राप्त डेटा से भविष्य में मानव अंतरिक्ष यात्रा और ग्रहों के अध्ययन में नई दिशा मिलेगी। साथ ही, इस लॉन्च ने यह सिद्ध किया कि बजट कटौती जैसी राजनीतिक चुनौतियों के बावजूद वैज्ञानिक प्रगति को रोका नहीं जा सकता, और अंतरराष्ट्रीय सहयोग एवं दृढ़ संकल्प से बड़े लक्ष्य हासिल किए जा सकते हैं।