विक्टोरिया में जेलियों को सड़कों की मरम्मत के लिए भेजा जाएगा: लेबर की गड्ढा योजना
विक्टोरिया के लेबर सरकार ने अपने चुनावी अभियान के हिस्से के रूप में जेलियों को सड़कों की बुनियादी देखभाल कार्यों में लगाने का प्रस्ताव रखा है। यह योजना बें कारोल के प्रमुख द्वारा सोमवार को प्रस्तुत की गई, जिसमें कहा गया कि जेलियों को गड्ढों की सफाई, छोटे मरम्मत और सड़क के किनारे की सफाई जैसे कार्य सौंपे जाएंगे। इससे कुशल तकनीशियन बड़े गड्ढों की मरम्मत पर अपना ध्यान केंद्रित कर सकेंगे, जबकि जेलियों को सामाजिक पुनर्वास का अवसर मिलेगा।
इस कदम का वित्तीय पहलू भी महत्वपूर्ण है। सरकार ने रविवार को घोषणा की कि वह सड़क रखरखाव बजट में ३५२ मिलियन डॉलर की वृद्धि करेगी, जिससे आधे मिलियन गड्ढों को जनवरी के अंत तक समाप्त करने का लक्ष्य रखा गया है। जेलियों को काम पर लगाकर श्रम लागत में कमी लाने की उम्मीद है, साथ ही उन्हें व्यावहारिक कौशल सीखने का मंच मिलेगा। पिछले कुछ हफ्तों में ऑस्ट्रेलिया में न्यायिक मामलों, जैसे विक्टोरिया के लिबरल अध्यक्ष के खिलाफ मुकदमा और सिंगुर बांध की मरम्मत में देरी, ने सरकार की कार्यकुशलता पर सवाल उठाए थे; इस नई योजना से प्रशासनिक दृढ़ता का संदेश देना चाहता है।
हालांकि, इस योजना को लेकर सामाजिक और मानवीय चिंताएँ भी उठी हैं। मानवाधिकार संगठनों ने जेलियों को अनिवार्य श्रम में लगाने के संभावित दुरुपयोग की ओर इशारा किया है, और कहा है कि उन्हें उचित वेतन और सुरक्षा उपाय प्रदान किए जाने चाहिए। इसके अलावा, पिछले राम मंदिर दान घोटाले जैसी घटनाओं ने सार्वजनिक विश्वास को कमजोर किया है, जिससे सरकार को पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करनी होगी। यदि यह योजना सफल होती है, तो यह न केवल सड़कों की स्थिति में सुधार लाएगी, बल्कि जेलियों के पुनर्वास में भी सकारात्मक योगदान दे सकती है।