बिहार में पुलिस‑विद्यार्थी टकराव, परीक्षा रद्दी की मांग पर विरोध
बिहार में छात्रों ने बीपीएससी परीक्षा रद्दी की मांग में मार्च किया, जिसमें पुलिस के साथ टकराव हुआ। छात्रों ने कहा कि परीक्षा प्रक्रिया में अनुचितता है और उन्हें उचित समाधान चाहिए। पुलिस ने भी व्यवस्था बनाए रखने के लिए कदम उठाए, जिससे दोनों पक्षों में तनाव बढ़ गया। इस टकराव में कई छात्रों को चोटें आईं और कई पुलिस अधिकारी भी घायल हुए।
विपक्षी नेता तेजस्वी यादव ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को पत्र लिखकर इस मुद्दे पर शीघ्र समाधान की अपील की। उन्होंने कहा कि सरकार को प्रदर्शनकारियों की मांगों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए और संवाद के माध्यम से समस्या का समाधान करना चाहिए। इस पत्र में उन्होंने परीक्षा प्रक्रिया की पारदर्शिता और छात्रों के अधिकारों की रक्षा की भी मांग की।
पिछले कुछ हफ्तों में बिहार में कई अन्य घटनाएँ भी हुईं, जैसे कि मानसून का तेज़ी से आगे बढ़ना, जिससे कृषि क्षेत्र में चिंता बढ़ी। साथ ही, महाराष्ट्र की टीईटी पेपर लीक जांच में बिहार में तीन संदिग्धों को गिरफ्तार किया गया, जिससे सुरक्षा और पारदर्शिता के मुद्दे उभरे। उत्तराखंड में निहांग सिखों की गिरफ्तारी ने भी राष्ट्रीय स्तर पर सुरक्षा और धार्मिक तनाव को उजागर किया। इन सभी घटनाओं ने बिहार में सामाजिक‑राजनीतिक माहौल को जटिल बना दिया है, जिससे बीपीएससी परीक्षा विवाद और भी संवेदनशील हो गया है।