निजी पूंजी को भारत के बुनियादी ढांचे के विकास में अधिक महत्वपूर्ण भूमिका निभानी चाहिए: राजकिरण राय, एमडी & सीईओ, नैबफिड
भारत को अपने बुनियादी ढांचे के विकास के लिए अगले 20 वर्षों में लगभग 770 लाख करोड़ रुपये की आवश्यकता है। यह आवश्यकता केवल बजटीय संसाधनों से पूरी नहीं की जा सकती है, बल्कि निजी पूंजी को भी इसमें महत्वपूर्ण भूमिका निभानी होगी। नेशनल बैंक फॉर फाइनेंसिंग इंफ्रास्ट्रक्चर एंड डेवलपमेंट (नैबफिड) के प्रबंध निदेशक और मुख्य कार्यकारी अधिकारी राजकिरण राय ने कहा है कि निजी पूंजी को भारत के बुनियादी ढांचे के विकास में अधिक महत्वपूर्ण भूमिका निभानी चाहिए। उन्होंने कहा कि निजी पूंजी के साथ-साथ सरकार को भी अपने बजटीय संसाधनों को बढ़ाना होगा ताकि भारत के बुनियादी ढांचे के विकास के लिए आवश्यक निवेश की जा सके।
राजकिरण राय ने कहा कि भारत के बुनियादी ढांचे के विकास के लिए निजी पूंजी की आवश्यकता है और सरकार को इसके लिए आवश्यक नीतियों को बनाना होगा। उन्होंने कहा कि निजी पूंजी के साथ-साथ सरकार को भी अपने बजटीय संसाधनों को बढ़ाना होगा ताकि भारत के बुनियादी ढांचे के विकास के लिए आवश्यक निवेश की जा सके। उन्होंने कहा कि भारत के बुनियादी ढांचे के विकास के लिए निजी पूंजी की आवश्यकता है और सरकार को इसके लिए आवश्यक नीतियों को बनाना होगा।
राजकिरण राय ने कहा कि भारत के बुनियादी ढांचे के विकास के लिए निजी पूंजी की आवश्यकता है और सरकार को इसके लिए आवश्यक नीतियों को बनाना होगा। उन्होंने कहा कि निजी पूंजी के साथ-साथ सरकार को भी अपने बजटीय संसाधनों को बढ़ाना होगा ताकि भारत के बुनियादी ढांचे के विकास के लिए आवश्यक निवेश की जा सके।