पेडापल्ली में दो चावल मिलों पर २४.१८ करोड़ रुपये के सीएमआर में डिफ़ॉल्ट के आरोप में गिरफ्तार
पेडापल्ली में दो चावल मिलों के मालिकों को २४.१८ करोड़ रुपये मूल्य के सीएमआर चावल में डिफ़ॉल्ट करने के आरोप में पुलिस ने हिरासत में ले लिया। जांच के दौरान पता चला कि मिलों ने कुल १०,०१५ मीट्रिक टन धान प्राप्त किया था, परन्तु केवल १,५७७ मीट्रिक टन ही वापस किया गया। शेष धान को बिना किसी दस्तावेज़ीकरण के बेचा या रखरखाव किया गया, जिससे किसानों को भारी नुकसान हुआ।
यह घटना पिछले कुछ हफ्तों में राज्य में किसानों के प्रति सरकार की नीतियों पर उठे सवालों के साथ जुड़ी हुई है। जून में केटीआर ने रिथु भरोसा योजना में ३०,००० करोड़ रुपये के डिफ़ॉल्ट का आरोप लगाते हुए किसानों के विश्वासघात की निंदा की थी। इसी संदर्भ में, केंद्र सरकार ने प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अनाज योजना के तहत चावल की गुणवत्ता मानकों को कड़ा करने का निर्णय लिया था, जिससे इस प्रकार के धोखाधड़ी को रोकने की कोशिश की जा रही है।
पुलिस ने बताया कि इस मामले की जांच में धान की आपूर्ति श्रृंखला, मिलों के लेखा‑जोखा और किसानों के शिकायत पत्रों को विस्तृत रूप से देखा जाएगा। यदि दोषी सिद्ध होते हैं तो कड़ी सजा के साथ साथ किसानों को हुए नुकसान की भरपाई भी की जाएगी। यह कदम राज्य में कृषि समर्थन योजनाओं की पारदर्शिता और जवाबदेही को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण संकेत माना जा रहा है।