आंध्र प्रदेश में पट्टाधारी पासबुक वितरित की गई। इस अवसर पर मंत्री ने कहा कि पिछली सरकार ने यस जगन मोहन रेड्डी की तस्वीरें और नाम पासबुक और सीमा पत्थरों पर छापकर 600 करोड़ रुपये का जन धन बर्बाद किया। उन्होंने कहा कि यह एक बड़ा नुकसान था और इससे राज्य को बहुत नुकसान हुआ।
मंत्री ने आगे कहा कि वर्तमान सरकार ने इस तरह की बर्बादी को रोकने के लिए कई कदम उठाए हैं। उन्होंने कहा कि सरकार ने पासबुक और सीमा पत्थरों पर केवल आवश्यक जानकारी ही छापने का निर्णय लिया है। इससे न केवल धन की बचत होगी, बल्कि यह भी सुनिश्चित होगा कि सरकारी संसाधनों का सही तरीके से उपयोग किया जाए।
इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोग उपस्थित थे। उन्होंने मंत्री के भाषण को ध्यान से सुना और उनकी बातों से सहमति जताई। लोगों ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि वर्तमान सरकार अपने वादों को पूरा करेगी और राज्य को विकास के पथ पर आगे बढ़ाएगी। उन्होंने सरकार से अनुरोध किया कि वह इस तरह की योजनाओं को और भी विस्तारित करे ताकि अधिक से अधिक लोगों को इसका लाभ मिल सके।
आंध्र प्रदेश सरकार ने पट्टाधारी पासबुक वितरण कार्यक्रम को सफलतापूर्वक आयोजित किया। इस कार्यक्रम से लोगों को बहुत लाभ हुआ और उन्हें अपने अधिकारों के बारे में जानकारी मिली। सरकार को उम्मीद है कि यह कार्यक्रम आगे भी सफल होगा और लोगों को इसका लाभ मिलता रहेगा।

