नई दिल्ली। CBSE-OSM मामले को उजागर करने वाले युवा व्हिसलब्लोअर सार्थक सिद्धांत ने हाल ही में तकनीक के प्रति अपनी रुचि, सीखने की यात्रा और भविष्य में अपनाए जाने वाले करियर पथ के बारे में खुलकर बात की। कम उम्र में तकनीकी कौशल और खोजी सोच के कारण चर्चा में आए सार्थक ने बताया कि उनकी तकनीक में दिलचस्पी बचपन से ही रही है।

सार्थक के अनुसार, कंप्यूटर, इंटरनेट और डिजिटल सिस्टम को समझने की जिज्ञासा ने उन्हें तकनीक की दुनिया की ओर आकर्षित किया। उन्होंने बताया कि शुरुआत में वे कंप्यूटर के बेसिक ऑपरेशन और सॉफ्टवेयर को समझने में रुचि लेते थे, लेकिन समय के साथ साइबर सुरक्षा, डेटा विश्लेषण और डिजिटल सिस्टम की कार्यप्रणाली को गहराई से जानने लगे।

उन्होंने कहा कि नई तकनीकों के बारे में पढ़ना, ऑनलाइन संसाधनों के माध्यम से सीखना और विभिन्न तकनीकी परियोजनाओं पर काम करना उनकी दिनचर्या का हिस्सा रहा है। इसी निरंतर सीखने की प्रक्रिया ने उन्हें जटिल डिजिटल प्रणालियों को समझने में मदद की।

भविष्य की योजनाओं के बारे में बात करते हुए सार्थक ने बताया कि वह तकनीक के क्षेत्र में आगे बढ़ना चाहते हैं और विशेष रूप से साइबर सुरक्षा, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस तथा उभरती डिजिटल तकनीकों पर काम करने की इच्छा रखते हैं। उनका मानना है कि तकनीक का उपयोग समाज के हित में किया जाना चाहिए और डिजिटल सुरक्षा आने वाले समय की सबसे महत्वपूर्ण चुनौतियों में से एक होगी।

सार्थक ने युवाओं को संदेश देते हुए कहा कि यदि किसी क्षेत्र में रुचि हो तो लगातार सीखते रहना चाहिए। इंटरनेट और डिजिटल प्लेटफॉर्म आज सीखने के अनगिनत अवसर उपलब्ध कराते हैं, जिनका सही उपयोग कर कोई भी व्यक्ति अपने कौशल को विकसित कर सकता है।

तकनीक के प्रति जुनून और जिज्ञासा को अपनी सबसे बड़ी ताकत बताते हुए सार्थक ने कहा कि उनका लक्ष्य केवल एक सफल तकनीकी पेशेवर बनना नहीं, बल्कि ऐसे समाधान विकसित करना है जो लोगों के जीवन को बेहतर और सुरक्षित बना सकें।