मीराबाई चानू ने राष्ट्रमंडल खेलों में तीन स्वर्ण पदक जीतने के बाद कहा कि उन्होंने कई चुनौतियों का सामना किया है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रमंडल खेलों 2026 से पहले, उन्हें चोट, वजन प्रबंधन और प्रशिक्षण के कारण कई समस्याओं का सामना करना पड़ा, और इन सभी बाधाओं को पार करना एक बड़ी उपलब्धि है।
मीराबाई चानू ने कहा कि उन्होंने अपने प्रशिक्षण और वजन प्रबंधन पर बहुत मेहनत की है, और उन्हें अपने प्रयासों का फल मिला है। उन्होंने कहा कि यह उनके लिए एक बड़ा सम्मान है कि उन्हें राष्ट्रमंडल खेलों में तीन स्वर्ण पदक मिले हैं।
मीराबाई चानू की यह उपलब्धि न केवल उन्हें बल्कि पूरे देश को गौरवान्वित करती है। उन्होंने दिखाया है कि यदि मेहनत और लगन से काम किया जाए, तो कोई भी लक्ष्य हासिल किया जा सकता है। मीराबाई चानू की इस उपलब्धि को देशभर में सराहा जा रहा है, और उन्हें भविष्य में और भी बड़ी सफलता मिलने की उम्मीद है।
मीराबाई चानू की कहानी उन सभी लोगों के लिए प्रेरणा है जो अपने सपनों को पूरा करना चाहते हैं। उन्होंने दिखाया है कि यदि हम अपने लक्ष्यों पर ध्यान केंद्रित करें और मेहनत करें, तो हम कुछ भी हासिल कर सकते हैं। मीराबाई चानू की यह उपलब्धि न केवल उन्हें बल्कि पूरे देश को गौरवान्वित करती है, और उन्हें भविष्य में और भी बड़ी सफलता मिलने की उम्मीद है।

