दिल्ली की सड़कों पर घंटों तक चले हाई ड्रामे के बाद, केंद्र ने कॉक्रोच जनता पार्टी के साथ संवाद का चैनल खोला है, जो कथित परीक्षा अनियमितताओं के विरोध में विरोध प्रदर्शन कर रही है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने प्रदर्शनकारियों से अपने प्रदर्शन समाप्त करने की अपील की है, कहा कि सरकार ने उनकी मांगों पर चर्चा शुरू कर दी है। सीजेपी की मांगें क्या हैं?
सीजेपी प्रतिनिधिमंडल ने जेपी नड्डा से मुलाकात की और तीन मांगें रखीं। इनमें से एक मांग धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की है। सीजेपी ने आरोप लगाया है कि धर्मेंद्र प्रधान परीक्षा अनियमितताओं में शामिल हैं और इसलिए उन्हें अपने पद से इस्तीफा देना चाहिए।
सीजेपी की दूसरी मांग परीक्षा अनियमितताओं की जांच के लिए एक जांच आयोग का गठन करने की है। सीजेपी ने कहा है कि परीक्षा अनियमितताओं की जांच के लिए एक निष्पक्ष जांच आयोग का गठन किया जाना चाहिए, जो इस मामले में सच्चाई का पता लगा सके।
सीजेपी की तीसरी मांग परीक्षा अनियमितताओं के पीड़ित छात्रों को मुआवजा देने की है। सीजेपी ने कहा है कि परीक्षा अनियमितताओं के कारण पीड़ित हुए छात्रों को मुआवजा दिया जाना चाहिए, ताकि वे अपनी पढ़ाई जारी रख सकें।
जेपी नड्डा ने सीजेपी प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया है कि सरकार उनकी मांगों पर विचार करेगी और जल्द ही एक समाधान निकालेगी। उन्होंने प्रदर्शनकारियों से शांति बनाए रखने और प्रदर्शन समाप्त करने की अपील की है।

