जोरहाट के पोकामुरा गांव की युवा अन्वेषा सैकिया ने शनिवार को एक मित्र के साथ बाहर जाने का निर्णय किया। शाम के समय उन्हें अचानक उल्टी, चक्कर और सांस लेने में कठिनाई महसूस हुई, जिससे उन्हें तुरंत जोरहाट मेडिकल कॉलेज में ले जाया गया। अस्पताल में किए गए परीक्षणों के बाद भी कारण स्पष्ट नहीं हो सका, और अंततः उनका निधन हो गया। यह घटना स्थानीय समुदाय में गहरी शोक और आश्चर्य की लहर दौड़ा रही है।

घटना के बाद कई लोगों ने कहा कि अन्वेषा ने पार्टी के दौरान शराब या नशे की दवाओं का सेवन किया हो सकता है, जबकि कुछ ने पुलिस पर संभावित हमले का आरोप लगाया। इस संदर्भ में, पिछले महीने ओडिशा के खोरधा जिले में पुलिस हिरासत में हुई मौत ने भी पुलिस द्वारा अत्याचार के आरोपों को उजागर किया था, जिससे इस प्रकार के मामलों में जांच की मांग बढ़ी है। साथ ही, कश्मीर में दवा की गुणवत्ता पर उठे सवाल और सिडनी में बड़े ड्रग केस ने भी दवा दुरुपयोग की गंभीरता को सामने लाया है।

स्थानीय प्रशासन ने कहा कि मामले की पूरी जांच की जाएगी और यदि कोई अपराध सिद्ध हुआ तो कड़ी सजा दी जाएगी। इस घटना ने न केवल दवा दुरुपयोग के जोखिम को उजागर किया है, बल्कि महिलाओं की सुरक्षा और स्वास्थ्य संबंधी जागरूकता की आवश्यकता को भी रेखांकित किया है। विशेषज्ञों का मानना है कि सामाजिक जागरूकता और कड़े नियमों के बिना इस प्रकार की त्रासदियों को रोकना कठिन रहेगा।