तेलंगाना के भूपालपल्ली जिले में खनन एवं भूविज्ञान सहायक निदेशक बोज्जा जया राजु के विरुद्ध भ्रष्टाचार विरोधी ब्यूरो (एसीबी) ने असंगत संपत्ति का मामला दर्ज किया है। एसीबी ने आठ विभिन्न स्थानों पर तलाशी अभियान चलाया, जिसमें कुल मिलाकर तीन करोड़ छह लाख रुपये की संपत्ति बरामद हुई। इन संपत्तियों में राजु के चालक और बेटी के नाम पर किए गए संदेहजनक लेनदेन भी शामिल थे, जो उनके आय के स्रोत से मेल नहीं खाते थे।

यह कार्रवाई तेलंगाना में भ्रष्टाचार के खिलाफ चल रहे सख्त कदमों का हिस्सा है। हाल ही में एसीबी ने तेलंगाना के डीसिपी एस. भीम रेड्डी के घरों पर भी समान तलाशी अभियान किया था, जहाँ कई अनियमित संपत्तियों की खोज हुई थी। इन मामलों ने राज्य में भ्रष्टाचार विरोधी संस्थाओं की सक्रियता को दर्शाया है और सार्वजनिक भरोसे को पुनः स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

भूपालपल्ली मामले को समझने के लिए पिछले कुछ हफ्तों की घटनाओं को देखना आवश्यक है। तमिलनाडु में गैस त्रासदी में ११ ओडिया मजदूरों की मौत के बाद राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने भी जांच शुरू की थी, जबकि कोलकाता में एक पूर्व त्रिनामूल काउंसिलर को असंगत संपत्ति मामले में गिरफ्तार किया गया था। इन सभी घटनाओं ने भ्रष्टाचार और अनियमितता के खिलाफ राष्ट्रीय स्तर पर सतर्कता बढ़ा दी है, और एसीबी की इस कार्रवाई को एक सशक्त संदेश के रूप में देखा जा रहा है।