अमेरिका स्थित एक भारतीय प्रवासी समूह, हिंदू मानवाधिकार, ने सोनम वांगचुक के स्वास्थ्य के बिगड़ने पर चिंता व्यक्त की है, जो एनईईटी परीक्षा में कथित अनियमितताओं के विरोध में 18 दिनों से भूख हड़ताल पर हैं। यह समूह प्रधानमंत्री से सोनम वांगचुक के साथ बातचीत करने की मांग कर रहा है।

हिंदू मानवाधिकार ने एक बयान में कहा कि सोनम वांगचुक की भूख हड़ताल के कारण उनका स्वास्थ्य बिगड़ रहा है और उन्हें तत्काल चिकित्सा सहायता की आवश्यकता है। इस समूह ने प्रधानमंत्री से अनुरोध किया है कि वे सोनम वांगचुक के साथ बातचीत करें और उनकी मांगों पर विचार करें।

सोनम वांगचुक ने एनईईटी परीक्षा में कथित अनियमितताओं के विरोध में भूख हड़ताल शुरू की थी। उन्होंने आरोप लगाया है कि परीक्षा में अनियमितताएं हुई हैं और कई छात्रों को अन्यायपूर्ण तरीके से वंचित किया गया है। हिंदू मानवाधिकार ने सोनम वांगचुक के समर्थन में बयान जारी किया है और प्रधानमंत्री से उनकी मांगों पर विचार करने की मांग की है।

इस मुद्दे पर तेलंगाना के कई नेताओं ने भी अपनी राय व्यक्त की है। उन्होंने सोनम वांगचुक के समर्थन में बयान जारी किए हैं और प्रधानमंत्री से अनुरोध किया है कि वे इस मामले में हस्तक्षेप करें। यह मुद्दा तेलंगाना में एक महत्वपूर्ण मुद्दा बन गया है और कई लोग सोनम वांगचुक के समर्थन में खड़े हैं।