

कानपुर नगर।
आज भारत सरकार के उपक्रम इरेडा (IREDA) के डायरेक्टर रामनिहाल निषाद (फैजाबाद) अपने साथियों बाबू राम यादव, शमनोज निषाद एवं पत्रकार रामजी साहनी के साथ सत्ती चौरा स्थित निवास पर पहुंचे, जहां उन्होंने वरिष्ठ समाजसेवी महावीर प्रसाद निषाद से शिष्टाचार भेंट की।
इस दौरान महावीर प्रसाद निषाद ने शहीद समाधान निषाद एवं शहीद लोचन निषाद के बलिदान और उनके ऐतिहासिक योगदान के बारे में विस्तार से जानकारी दी। पत्रकार रामजी साहनी ने इस पूरे संवाद और ऐतिहासिक तथ्यों का इंटरव्यू रिकॉर्ड किया, ताकि समाज और आने वाली पीढ़ियों तक शहीदों की गाथा पहुंचाई जा सके।
महावीर प्रसाद निषाद ने भावुक स्वर में कहा कि समाज की बहुत पुरानी दो प्रमुख मांगें हैं— पहली, शहीद स्तंभ में शहीद समाधान निषाद और शहीद लोचन निषाद का नाम सम्मानपूर्वक अंकित किया जाए, और दूसरी, सत्ती चौरा प्रवेश द्वार पर “शहीद समाधान निषाद द्वार” का निर्माण कराया जाए, जिससे उनके बलिदान की स्मृति सदैव जीवित रहे और नई पीढ़ी प्रेरणा ले सके।
इरेडा के डायरेक्टर माननीय रामनिहाल निषाद ने दोनों मांगों को पूरी तरह जायज़ बताते हुए आश्वासन दिया कि शहीदों के सम्मान से जुड़ी इन मांगों को उचित स्तर पर उठाने का प्रयास किया जाएगा।
इस अवसर पर रामकिशन निषाद, सूर्यप्रकाश निषाद एवं दीपू निषाद सहित अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
यह मुलाकात न केवल शहीदों के सम्मान की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है, बल्कि समाज की एकजुटता और अपने गौरवशाली इतिहास को सहेजने की भावना को भी दर्शाती है।


