
हैल्थ कैम्प लगाने पर जोर
कानपुर।
राजकीय होम्योपैथिक चिकित्सा के सयोजन में आज k.P.M. हॉस्पिटल, कानपुर में होम्योपैथिक चिकित्सा प्रभारी अधिकारी डॉ. पंकजा पाण्डेय के मार्गदर्शन में निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर आयोजित किया गया। शिविर में बड़ी संख्या में पहुँचे लोगों ने होम्योपैथिक परामर्श एवं उपचार का लाभ उठाया।
डॉ. पाण्डेय ने जनसमूह को संबोधित करते हुए कहा कि होम्योपैथिक पद्धति जटिल से जटिल रोगों को जड़ से ठीक करने की क्षमता रखती है, बशर्ते मरीज समय पर इसका उपचार कराएं। उन्होंने बताया कि होम्योपैथिक दवाएँ न केवल सुरक्षित हैं बल्कि दीर्घकालिक स्वास्थ्य लाभ भी प्रदान करती हैं।

शिविर में आए मरीजों ने नि:शुल्क परामर्श व उपचार के लिए हॉस्पिटल प्रशासन का आभार जताया।
- होम्योपैथी की बढ़ती लोकप्रियता
हाल के वर्षों में होम्योपैथिक उपचार की ओर आम नागरिकों का रुझान बढ़ा है। इसका प्रमुख कारण है—दवाओं का न्यूनतम दुष्प्रभाव, रोग की जड़ पर असर तथा दीर्घकालिक स्वास्थ्य सुधार।
- ग्रामीण एवं शहरी गरीब तबके के लिए राहत
निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के लिए वरदान सिद्ध होते हैं। दवाओं व जांच का खर्च कई परिवारों को उपचार से दूर कर देता है, ऐसे में निशुल्क शिविर स्वास्थ्य सेवाओं को सुलभ बनाते हैं। - समय पर जांच व उपचार की आवश्यकता
डॉ. पंकजा पाण्डेय के वक्तव्य का मुख्य संदेश यही है कि चाहे रोग किसी भी प्रणाली (एलोपैथी/होम्योपैथी) से क्यों न हो—समय पर इलाज ही बेहतर परिणाम देता है। देर होने पर रोग जटिल हो जाता है और उपचार की अवधि भी बढ़ जाती है।
- जनजागरूकता ही स्वास्थ्य सुधार का आधार
शिविरों के माध्यम से लोगों में स्वास्थ्य-साक्षरता बढ़ती है। सही जानकारी मिलने से लोग घरेलू नुस्ख़ों या गलत दवाओं से होने वाले नुकसान से बच सकते हैं।
आगे कड़ी में वरिष्ठ मेडिकल ऑफिसर के.पी.एम. हॉस्पिटल डॉ.पंकजा पांडेय ने होम्योपैथी को एक कारगर थेरेपी बताते हुए ज्यादा से ज्यादा हेल्थ कैंप लगाने पर भी जोर दिया जिससे आमजनमानस को अत्यधिक लाभ प्राप्त हो सके।

